December 3, 2020

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मोटे लोगों, युवाओं को वायरस के संक्रमण को लेकर किया गया अलर्ट

कोरोना वायरस में कोमोरबिडिटी और मोटे लोगों में ज्यादा संक्रमण का खतरा बताया गया है।

ऐसे में कई बार पहले से जिन्हें बीमारी है उन्हें सावधान रहने को कहा गया है। डब्ल्यूएचओ ने मोटे लोगों और युवाओं को सतर्क रहने की सलाह दी है। वहीं आरएमएल, नई दिल्ली के स्वास्थ्‍य विशेषज्ञ ने इसके पीछे के कारण भी बताये हैं।

आरएमएल, नई दिल्ली के डॉ. ए के वार्ष्‍णेय का कहना है कि ऐसा देखने में आया है। इसकी वजह यह है कि मोटे लोगों में रेस्पिरेट्री मसल्स कमजोर होती हैं। इससे उनके लंग्स का वॉल्यूम भी कम होता है। ऐसे लोग थोड़ा भी चलते हैं तो थक जाते है, या सांस फूलने लगती है। मोटे लोगों में डायबिटीज़ , ब्लड प्रेशर , आदि कई बीमारियां होती हैं। ऐसे लोग एक्सरसाइज भी कम करते हैं। ऐसे लोग अगर संक्रमित हो जाते हैं तो उनके शरीर में संक्रमण ज्याजा होता है। गंभीर लक्षण होने पर आईसीयू में भी जाना पड़ जाता है। इसके लिए जरूरी है कि अगर कोई दवा चल रही है तो नियमित रूप से लें। एक्सरसाइज और प्राणायाम करते रहें और सभी नियमों का पालन करें।

युवाओं को संक्रमण से खुद को बचाने की सलाह

वहीं युवाओं को लेकर उन्होंने कहा कि देश में ज्यादातर लोगों में लक्षण नहीं आ रहे हैं इसमें ज्यादातर 25 से 40 साल के अंदर वाले है। भले ही उनमें इम्यूनिटी की वजह से लक्षण नहीं आते लेकिन ये दूसरों के लिए घातक साबित हो सकते हैं। डॉ. वार्ष्‍णेय ने बताया कि कोरोना के कई तरह के मरीज हैं। करीब 40% ऐसे लोग हैं, जिनमें ज्यादा लक्षण नहीं पाये गये। कई लोग ऐसे हैं जिनमें एक-दो दिन बुखार आया और उन्हें पता नहीं चला। ऐसे लोगों की टेस्टिंग में जब कोरोना से लड़ने वाले एंटीबॉडी पाये जाते हैं, तब उनको पता चलता है कि वे संक्रमित हो चुके हैं। इन लोगों को भी संक्रमितों की श्रेणी में शामिल करते हैं औऱ कुल संख्या भी बढती देखते हैं। तीसरे वो हैं जिनमें लक्षण आते हैं और फिर वे पॉजिटिव पाये जाते हैं। अब चूंकि सरकार ने टेस्टिंग बढ़ा दी है तो ज्यादा केस सामने आ रहे हैं।

बाहर के खाने से से कितना संक्रमण का खतरा

वहीं दुकान से चाट पकौड़े आदि खाने से संक्रमण के खतरे पर डॉ. वार्ष्णेय ने बताया कि अभी तक किसी भी खाने के सामान से कोरोना के फैलने की खबर नहीं आयी है, चाहे वो वेज हो या नॉनवेज, ठंडा हो या गर्म खाना। लेकिन हां, जो व्यक्ति खाना बना रहा है, या जो व्यक्ति घर में खाना देने आया है, वो संक्रमित है और आप उसके संपर्क में आये हैं, तो आप संक्रमित हो सकते हैं। वायरस खाने से नहीं व्यक्ति से फैलता है। अगर खाना स्वच्छता पूर्वक बनाया गया है तो कोई खतरा नहीं है।

अनलॉक-3 में कितनी सावधानी जरूरी

एक अगस्त से नाइट कर्फ्यू खत्म कर दिया गया है और जिम 5 अगस्त से खुल रहे हैं। अगर जिम में क्लोज्ड स्पेस है और कई लोग एक ही मशीन पर वर्कआउट करते हैं। ऐसे में जिम में पूरी सुरक्षा एवं बचाव के साथ ही वर्कआउट करें। ऐसी जगहों के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय एक गाइडालाइन जारी कर रहा है। उन्होंने कहा कि बाजार और मॉल खुल जरूर गए हैं, लेकिन सरकार ने अभी मॉल या हॉल आदि में बड़े आयोजनों की अनुमति नहीं दी है। यहां भी उन्हीं नियमों का पालन करना है जो अब तक करते आ रहे हैं। दुकानदार को पता है कि दुकान खोलने के साथ सुरक्षा भी जरूरी है। ग्राहकों की भीड़ न लगायें। अगर कोई दुकान में आ रहा है तो उसका तापमान चेक करें। देखें कि ग्राहक ने मास्क लगाया है कि नहीं। एक साथ कई लोगों को एक साथ अंदर न आने दें। बाज़ार में अगर आपको लगे कि किसी वस्तु के संपर्क में आये हैं तो तुरंत हाथों को सेनिटाइजर से साफ करें।

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